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द्वितीय वर्ष यूनिट-3

पारिभाषिक शब्दावली से क्या अभिप्राय है?

पारिभाषिक शब्दावली से क्या अभिप्राय है? पारिभाषिक शब्दों का स्वरूप अथवा विशेषताएं बताइए। पारिभाषिक शब्द किसी विशेष विषय से संबंधित तकनीकी शब्द होते हैं| प्रत्येक विषय, जैसे कला, विज्ञान, समाज, प्रशासन साहित्य की अपनी विशिष्ट शब्दावली होती है| उदाहरणस्वरूप किसी एक शब्द का अर्थ साहित्य में कुछ और हो सकता है, प्रशासन में कुछ और […]

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द्वितीय वर्ष यूनिट 2

हिंदी के विकास की दशा और दिशा

भारत वर्ष में आज लगभग 650 से अधिक जीवित भाषाएँ हैं परंतु भारतवर्ष में आज संपर्क की भाषा के रूप में हिन्दी, अंग्रेजी और स्थानीय भाषाओं को ही प्रयोग में लाया जाता है | हिन्दी भाषा को भारत में तीन चौथाई लोग बोलते और समझते हैं | हिन्दी भारत के 12 राज्यों की प्रथम भाषा […]

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द्वितीय वर्ष यूनिट 2

राजभाषा हिन्दी के समक्ष आने वाली कठिनाइयाँ

14 सितंबर,1949 को हिन्दी को राजभाषा का दर्जा दिया गया | प्रत्येक वर्ष लोगों में जागरूकता लाने हेतु तरह-तरह के कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं| हिन्दी भाषा से तो प्रारंभ से ही सौतेला व्यवहार किया जा रहा है, हिन्दी को राजभाषा घोषित करने से पहले भी, इसे बहुत ही विरोध का सामना करना पड़ा | […]

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द्वितीय वर्ष यूनिट 2

राजभाषा का अर्थ एवं स्वरूप एवं उसकी विशेषताएँ

राजभाषा किसी देश या राज्य की वह भाषा होती है जो सभी राजकीय प्रयोजनों में प्रयुक्त होती है | राजभाषा अर्थात राज-काज की भाषा, शासकीय काम-काज की भाषा | अत: प्रशासन की भाषा को राजभाषा का दर्जा दिया जाता है | साधारण शब्दों में कहा जाये तो ‘राजभाषा’ वह भाषा है जो सरकारी कार्यालयों में […]

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द्वितीय वर्ष यूनिट 2

भारतीय संविधान में राजभाषा संबंधी अधिनियम एवं राष्ट्रपति के आदेश

भारतीय संविधान में राजभाषा हिन्दी को 14 सितंबर,1949 को शामिल किया गया तथा संविधान के लागू होने के साथ ही हिन्दी समस्त भारत की राजभाषा बन गई| मूल संविधान के ‘395’ अनुच्छेदों में ‘11’ अनुच्छेद भाषा से संबंधित हैं| संविधान के 2,6 एवं 17 वें भाग में राजभाषा संबंधी प्रावधान हैं | इनमें भाग ‘2’ […]