सामान्य हिन्दी

सामान्य हिन्दी ज्ञान – सामान्य हिन्दी व्याकरण में हिंदी वर्णमाला, स्वर की परिभाषा एवं प्रकार, व्यंजन, शब्द ज्ञान और अलंकार के बारे में पढ़ें|

  • हिंदी वर्णमाला- स्वर व्यंजन
    हिंदी वर्णमाला – हिंदी भाषा की वह सबसे छोटी इकाई जिसके और अधिक टुकड़े न हो सके, वर्ण […]
  • स्वर की परिभाषा एवं प्रकार
    स्वर : जिन वर्णों का उच्चारण बिना किसी अवरोध के तथा बिना किसी दूसरे वर्ण की सहायता से […]
  • व्यंजन (consonant)
    जिन वर्णों का उच्चारण स्वरों की सहायता से किया जाता है उन्हे व्यंजन कहा जाता है| हिन्दी वर्णमाला […]
  • शब्द ज्ञान
    शब्द :- भाषा की सबसे छोटी इकाई वर्ण है| वर्णों के सार्थक समूह को शब्द कहा जाता है| […]
  • पर्यायवाची शब्द (Synonyms Words)
    शब्दों के विभिन्न रूप :- पर्यायवाची शब्द (Synonyms Words) विलोम शब्द अनेकार्थी शब्द वाक्यांश के लिए एक शब्द […]
  • विलोम शब्द (Antonym words)
    शब्दों के विभिन्न रूप :- पर्यायवाची शब्द (Synonyms Words) विलोम शब्द ( Antonym Words ) अनेकार्थी शब्द वाक्यांश […]
  • अनेकार्थी शब्द
    अनेकार्थी शब्द :- अनेकार्थी शब्द जैसा की नाम से ही स्पष्ट है अनेक अर्थों वाला शब्द |वे शब्द […]
  • वाक्यांश के लिए एक शब्द
    वाक्यांश के लिए एक शब्द  :- भाषा के प्रभावशाली एवं आकर्षक प्रयोग हेतु कई शब्दों के स्थान पर […]
  • अलंकार- परिभाषा, भेद एवं उदाहरण
    अलंकार : परिभाषा, भेद एवं उदाहरण अलंकार (Alankar) काव्य भाषा अर्थात सृजनात्मक भाषा का अनिवार्य तत्व है| “अलंकार” […]
  • अलंकारों का वर्गीकरण
    काव्य का आधार शब्द और अर्थ है| इन्ही शब्द और अर्थ के आधार पर ही अलंकारों का वर्गीकरण […]
  • अनुप्रास अलंकार
    अनुप्रास अलंकार (Anupras alankar) :- अनुप्रास अलंकार (anupras alankar) –अनुप्रास शब्द ‘अनु‘ ‘प्र‘ तथा ‘आस‘ तीन पदों के […]
  • यमक अलंकार
    यमक अलंकार :- यमक शब्द का अर्थ है- जोड़ा| यमक अलंकार में एक जैसे दो शब्दों की आवृति […]
  • पुनरुक्ति अलंकार
    पुनरुक्ति अलंकार (Punrukti Alankar) दो शब्दों से मिलकर बना है – पुन: + उकित| अर्थात जब कोई शब्द […]
  • श्लेष अलंकार
    श्लेष अलंकार :- श्लेष का अर्थ है- मिला हुआ, चिपका हुआ या संश्लिष्ट|जब काव्य में एक शब्द के […]
  • वक्रोक्ति अलंकार
    वक्रोक्ति अलंकार:- अलंकार – वक्रोक्ति का अर्थ है “टेढ़ी-उक्ति” अर्थात जहाँ किसी उक्ति का अर्थ वक्ता के अभिप्राय […]